विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री सुमित कुमार सिंह ने कहा कि राज्य भर के इंजीनियरिंग और पॉलिटेक्निक कॉलेजों के विभिन्न संकायों में शीर्ष तीन स्थान प्राप्त करने वाले छात्रों को अगले वर्ष से मेधावी छात्र प्रोत्साहन पुरस्कार के अंतर्गत लैपटॉप दिया जाएगा। वर्तमान में इस पुरस्कार के अंतर्गत इंजीनियरिंग और पॉलिटेक्निक दोनों कॉलेजों में प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले छात्रों को क्रमशः पांच, चार और तीन हजार रुपए नकद पुरस्कार के साथ ही प्रमाण पत्र और मेडल दिया जाता है।
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श्री सिंह ने कहा हमें पुरस्कार को केवल पांच विषयों तक सीमित नहीं रखना चाहिए। इसके बजाय हम इंजीनियरिंग और पॉलिटेक्निक के सभी विषयों में राज्य स्तर पर शीर्ष तीन स्थान प्राप्त करने वाले सभी छात्रों को लैपटॉप देना चाहेंगे। इससे छात्रों में स्वस्थ प्रतिस्पर्धा का विकास होगा। मंत्री सुमित कुमार सिंह छात्र और उनके अभिभावकों के एक समूह को सोमवार को संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम का आयोजन तारामंडल परिसर में अभियंता दिवस के अवसर पर मेधावी छात्र प्रोत्साहन पुरस्कार 2025 के रूप में हुआ। यह पुरस्कार पांच विषयों में राज्य स्तर पर शीर्ष तीन स्थान प्राप्त करने वाले छात्रों को दिया जाता है।
भारत रत्न और प्रख्यात इंजीनियर डॉ. मोक्षगुंडम विश्वेश्वरैया की जयंती पर आयोजित इस सम्मान समारोह में विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री ने कहा कि इंजीनियरिंग और पॉलिटेक्निक कॉलेजों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले शिक्षकों को प्रोत्साहित करने के लिए सम्मानित किया जाना चाहिए। उन्होंने छात्रों को विदेशी भाषा सीखने के लिए प्रोत्साहित किया। कहा कि इससे उनके करियर निर्माण में काफी सहयोग मिलेगा।
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सार्वजनिक क्षेत्र की इकाइयों में इंटर्नशिप करने पर मिलेगा प्रोत्साहन
पुरस्कार प्राप्त करने पर छात्रों को बधाई देते हुए विभागीय सचिव डॉ. प्रतिमा ने कहा कि उनका यह पुरस्कार दूसरों को कड़ी मेहनत से पढ़ाई करने के लिए प्रेरित करेगा। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने तकनीकी शिक्षा पर विशेष ज़ोर दिया। उन्होंने राज्य के प्रत्येक ज़िले में एक इंजीनियरिंग और पॉलिटेक्निक कॉलेज खोलने का लक्ष्य रखा और उसे पूरा भी किया गया। हमें उद्योग जगत की ज़रूरतों को ध्यान में रखते हुए लगातार पाठ्यक्रम तैयार करना होगा। उन्होंने कहा कि विभाग नए विषयों को शुरू करने के साथ ही अपने इंजीनियरिंग कॉलेजों के लिए एनबीए मान्यता और एनआईआरएफ रैंकिंग प्राप्त करने के लिए प्रयास किया जा रहा है। हमने इंटर्नशिप के लिए अपना पोर्टल तैयार कर लिया है। सातवें और आठवें सेमेस्टर के छात्र अब राज्य की सार्वजनिक क्षेत्र की इकाइयों में इंटर्नशिप करने के लिए पोर्टल पर पंजीकरण करा सकते हैं। हम उन्हें इंटर्नशिप पूरी करने पर 10,000 रुपये देंगे। इस अवसर पर मंत्री सुमित कुमार सिंह और सचिव डॉ. प्रतिमा के हाथों विभागीय त्रैमासिक पत्रिका का विमोचन भी हुआ।
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