रक्षाबंधन पर दमोह में दर्दनाक घटना, बेटे के बाद माता-पिता की भी ट्रेन से कटकर मौत

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PEEYUSH UPADHYAY
पीयुष उपाध्याय एक अनुभवी समाचार संपादक हैं, जो Aware Media Network के लिए देश-दुनिया की प्रमुख खबरों, विश्लेषण और तथ्यात्मक रिपोर्टिंग सुनिश्चित करते हैं। उनका अनुभव...
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रक्षाबंधन का दिन जहां भाई-बहन के रिश्ते और परिवार की खुशियों का प्रतीक माना जाता है, वहीं मध्य प्रदेश के दमोह में इसी दिन एक परिवार पर ऐसा दुख टूटा कि करीब एक घंटे के भीतर तीन सदस्यों की मौत हो गई। घटना ने पूरे इलाके को झकझोर दिया।

रक्षाबंधन पर पसरा मातम

दमोह जिले के फुटेरा मोहल्ले के धर्मपुरा इलाके में रक्षाबंधन के दिन हुई घटना ने लोगों को स्तब्ध कर दिया। पुलिस के मुताबिक, करीब एक घंटे के भीतर एक युवक और उसके माता-पिता की ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई। घटना के बाद इलाके में शोक का माहौल है।

पहले बेटे की हुई मौत

पुलिस के अनुसार हिंडोरिया थाना क्षेत्र के करैया गांव निवासी 30 वर्षीय मुकेश अहिरवार ने दमोह-कटनी रेल मार्ग पर करैया रेलवे क्रॉसिंग के पास ट्रेन के सामने जाकर कथित तौर पर आत्महत्या कर ली। मुकेश जिला अस्पताल में सुरक्षा गार्ड के तौर पर काम करता था और उसकी शादी करीब दो साल पहले हुई थी।

बेटे की मौत के बाद माता-पिता भी पहुंचे

बेटे की मौत की खबर मिलने के बाद उसके माता-पिता भारत अहिरवार और उमा अहिरवार घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस के मुताबिक, इसके बाद दंपति वहां से करीब दो किलोमीटर दूर गया और रेलवे पटरी पर ट्रेन की चपेट में आ गया। दोनों की भी मौत हो गई। तीनों घटनाएं लगभग एक घंटे के भीतर होने की बात सामने आई है।

पारिवारिक विवाद की आशंका

कोतवाली थाना प्रभारी मनीष कुमार के अनुसार, मुकेश की मौत के पीछे की तत्काल वजह स्पष्ट नहीं हुई है। पुलिस को प्रथमदृष्टया पारिवारिक विवाद की आशंका है, लेकिन मामले की वास्तविक परिस्थितियों का पता जांच पूरी होने के बाद ही चलेगा। पुलिस और जीआरपी ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है।

बहन को लेने गया था छोटा भाई

घटना के समय परिवार का छोटा बेटा दौलत रक्षाबंधन के लिए अपनी बहन को सागर से घर लाने गया हुआ था। जब तक वह लौटता, परिवार में ऐसा दुख छा चुका था जिसकी शायद किसी ने कल्पना भी नहीं की थी। पुलिस ने मामला दर्ज कर घटनाक्रम की परिस्थितियों की जांच शुरू कर दी है।

एक घटना, कई सवाल

दमोह की यह घटना बताती है कि पारिवारिक तनाव कभी-कभी कितनी भयावह स्थिति पैदा कर सकता है। हालांकि मौतों की वजह को लेकर अंतिम निष्कर्ष जांच के बाद ही सामने आएगा। ऐसे कठिन समय में अकेले संघर्ष करने के बजाय परिवार, दोस्तों या मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञों से मदद लेना बेहद जरूरी है।


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पीयुष उपाध्याय एक अनुभवी समाचार संपादक हैं, जो Aware Media Network के लिए देश-दुनिया की प्रमुख खबरों, विश्लेषण और तथ्यात्मक रिपोर्टिंग सुनिश्चित करते हैं। उनका अनुभव पत्रकारिता में 7+ वर्षों का है और वे निष्पक्ष, भरोसेमंद और समय पर समाचार प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। उन्होंने कई पुरस्कार और मान्यता प्राप्त की है, जिनमें 2022 में “Best Investigative Journalist” और 2021 में “Top 10 Editors in Uttarakhand” शामिल हैं।
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