अमेरिका में हैदराबाद के लाल की बेरहमी से हत्या: पिज्जा डिलीवरी के बहाने बिछाया गया था मौत का जाल
सात समंदर पार अमेरिका से एक ऐसी दिल दहला देने वाली खबर आई है, जिसने पूरे हैदराबाद को मातम में डुबो दिया है। फिलाडेल्फिया में पिज्जा डिलीवरी करने गए 28 वर्षीय भारतीय युवक अंशुल कुंचा की कथित तौर पर गोली मारकर हत्या कर दी गई है। यह दर्दनाक घटना 5 जून की है, जिसकी पुष्टि हैदराबाद के पास गुंडलापोचमपल्ली में रहने वाले उनके परिजनों ने की है।
इस जघन्य हत्याकांड पर न्यूयॉर्क स्थित भारतीय वाणिज्य दूतावास ने भी गहरा शोक प्रकट किया है। दूतावास ने ‘एक्स’ (पूर्व में ट्विटर) पर अपनी संवेदनाएं साझा करते हुए कहा, “भारतीय नागरिक अंशुल कुंचा की अचानक हुई मौत से हमें गहरा सदमा लगा है। हम इस कठिन समय में शोकाकुल परिवार के साथ खड़े हैं और उन्हें हर संभव सहायता प्रदान करने के लिए लगातार संपर्क बनाए हुए हैं।”
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साजिश के तहत सुनसान इलाके में बुलाया
अंशुल की बहन तन्वी ने सुबकते हुए मीडिया को बताया कि उनका भाई उत्तरी फिलाडेल्फिया की एक बहुराष्ट्रीय कंपनी में कार्यरत था। वीकेंड पर अपनी आय बढ़ाने के लिए वह पिज्जा डिलीवरी का पार्ट-टाइम काम भी करते थे। तन्वी के मुताबिक, “अंशुल को एक बेहद सुनसान इलाके में पिज्जा पहुंचाने के लिए भेजा गया था। यह कोई सामान्य लूटपाट की कोशिश नहीं, बल्कि एक सोची-समझी साजिश थी। हत्यारों ने उनके सिर में तीन गोलियां दागीं और उन्हें तड़पता हुआ सड़क पर ही छोड़ दिया। सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि उनके पास से कोई कीमती सामान नहीं लूटा गया। वे सिर्फ उनकी जान लेने आए थे।”
इंसाफ की गुहार और वतन वापसी की अपील
अंशुल की बहन ने अमेरिकी प्रशासन से हत्यारों को कड़ी सजा दिलाने की मांग की है। इसके साथ ही उन्होंने भारत के विदेश मंत्रालय से भावुक विनती करते हुए कहा कि उनके भाई के पार्थिव शरीर को जल्द से जल्द भारत लाने की व्यवस्था की जाए। तन्वी ने बताया कि अमेरिकी मीडिया के अनुसार, वारदात के समय काले नकाब पहने और पीठ पर बैग लटकाए दो संदिग्ध देखे गए थे। परिवार को उम्मीद है कि सोमवार तक शव उन्हें सौंप दिया जाएगा, ताकि वे अपने घर के चिराग का अंतिम संस्कार कर सकें।
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सपनों को पूरा करने गए थे अमेरिका, पहले भी हुए थे शिकार
अंशुल चार साल पहले पढ़ाई के सिलसिले में अमेरिका गए थे और वहां अपनी डिग्री पूरी करने के बाद नौकरी कर रहे थे। तन्वी ने एक और दुखद बात साझा की कि इससे पहले भी अंशुल को वहां के स्थानीय बदमाशों ने निशाना बनाया था, तब उनसे फोन, कैश और सोने की चेन लूट ली गई थी। इस भयावह घटना के बाद से गुंडलापोचमपल्ली के हर घर में उदासी छाई हुई है और पूरा इलाका इस दुखद समाचार से स्तब्ध है।
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