अंबानी की संपत्ति पर ईडी का फंदा: रिलायंस समूह पर करोड़ों की मनी लॉन्ड्रिंग का शिकंजा!

By
Aware Media Network
Aware Media Network एक स्वतंत्र डिजिटल न्यूज़ प्लेटफॉर्म है, जो देश-दुनिया की महत्वपूर्ण खबरें, विश्लेषण और तथ्यात्मक रिपोर्टिंग पाठकों तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारी...
- News Desk
3 Min Read
Anil Ambani Money Laundering | ईडी का अनिल अंबानी पर शिकंजा! करोड़ों की संपत्ति जब्त, मुश्किलों में फंसा रिलायंस समूह

अनिल अंबानी की मुश्किलें बढ़ीं: प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने करोड़ों की संपत्ति कुर्क की, सुप्रीम कोर्ट ने भी मांगा जवाब

रिलायंस समूह के चेयरमैन अनिल अंबानी इन दिनों मुश्किलों के दौर से गुजर रहे हैं। लगातार मुसीबतों से घिरे अनिल अंबानी से जुड़े मामले अब प्रवर्तन निदेशालय (ED) की रडार पर आ गए हैं। ED ने मनी लॉन्ड्रिंग की जांच के तहत अनिल अंबानी और उनकी कंपनियों से जुड़ी करोड़ों रुपये की संपत्तियां कुर्क की हैं।

ED का एक्शन जारी, 1400 करोड़ से अधिक की नई संपत्ति कुर्क

आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, संघीय जांच एजेंसी ने इससे पहले भी इस मामले में 7,500 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त की थी। धन शोधन निवारण अधिनियम (PMLA) के तहत देश के विभिन्न हिस्सों में स्थित संपत्तियों पर यह नया कुर्की आदेश जारी किया गया है। सूत्रों का अनुमान है कि इस नवीनतम आदेश के तहत 1,400 करोड़ रुपये से अधिक की संपत्ति कुर्क की गई है।

सुप्रीम कोर्ट ने भी मांगा जवाब: बैंक फ्रॉड की जांच पर उठे सवाल

वहीं, दूसरी ओर सुप्रीम कोर्ट में एक जनहित याचिका (PIL) दायर की गई है, जिसमें अनिल अंबानी की रिलायंस कम्युनिकेशंस लिमिटेड (RCOM) और उसके सब्सिडियरी ग्रुप्स से जुड़े कथित बड़े बैंक फ्रॉड की कोर्ट की निगरानी में जांच की मांग की गई है। इस याचिका पर संज्ञान लेते हुए, चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (CJI) बी. आर. गवई की अगुवाई वाली बेंच ने केंद्र सरकार, केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) और प्रवर्तन निदेशालय (ED) को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।

पूर्व यूनियन सेक्रेटरी ई. ए. एस. सरमा द्वारा दायर की गई इस याचिका में कहा गया है कि RCOM द्वारा किए गए कथित फ्रॉड की जांच मौजूदा केंद्रीय एजेंसियों, ED और CBI के अलावा एक स्वतंत्र और पारदर्शी जांच की आवश्यकता है। याचिकाकर्ता की ओर से जाने-माने वकील प्रशांत भूषण पेश हुए।

कुल मिलाकर, अनिल अंबानी के लिए यह वक्त काफी चुनौतीपूर्ण साबित हो रहा है, जहां एक ओर ED की कार्रवाई जारी है, वहीं दूसरी ओर सुप्रीम कोर्ट भी मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच की मांग पर जवाब तलब कर रहा है।


Discover more from Aware Media News - Hindi News, Breaking News & Latest Updates

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

Share This Article
Follow:
Aware Media Network एक स्वतंत्र डिजिटल न्यूज़ प्लेटफॉर्म है, जो देश-दुनिया की महत्वपूर्ण खबरें, विश्लेषण और तथ्यात्मक रिपोर्टिंग पाठकों तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारी संपादकीय टीम विश्वसनीय स्रोतों, आधिकारिक आंकड़ों और पत्रकारिता के नैतिक सिद्धांतों के आधार पर समाचार तैयार करती है। Aware Media Network का उद्देश्य निष्पक्ष, सटीक और समय पर जानकारी प्रदान करना है, ताकि पाठक जागरूक निर्णय ले सकें और समसामयिक घटनाओं को बेहतर ढंग से समझ सकें।
कोई टिप्पणी नहीं

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Exit mobile version