संसद में धर्मेंद्र प्रधान को माला पहनाकर सम्मानित किए जाने पर राहुल गांधी ने कसा तंज, कहा- इस्तीफा भी नैतिकता पर आधारित नहीं…

By
Aware Media Network
Aware Media Network एक स्वतंत्र डिजिटल न्यूज़ प्लेटफॉर्म है, जो देश-दुनिया की महत्वपूर्ण खबरें, विश्लेषण और तथ्यात्मक रिपोर्टिंग पाठकों तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारी...
- News Desk
2 Min Read
संसद में धर्मेंद्र प्रधान को माला पहनाकर सम्मानित किए जाने पर राहुल गांधी ने कसा तंज, कहा- इस्तीफा भी नैतिकता पर आधारित नहीं...
संसद में धर्मेंद्र प्रधान को माला पहनाकर सम्मानित किए जाने पर राहुल गांधी ने कसा तंज, कहा- इस्तीफा भी नैतिकता पर आधारित नहीं...

AMN. लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने पूर्व शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को संसद में माला पहनाकर सम्मानित करने पर बीजेपी पर निशाना साधा है. इस संबंध में उन्होंने एक्स के माध्यम से कहा कि धर्मेंद्र प्रधान भ्रष्टाचार और भारत की बर्बाद शिक्षा व्यवस्था के प्रतीक हैं और हमेशा रहेंगे. इसी व्यवस्था ने 26 बच्चों की जान ले ली और लाखों युवाओं को सड़कों पर उतरने पर मजबूर कर दिया।

राहुल गांधी ने कहा कि इस्तीफा नैतिकता के कारण नहीं बल्कि युवाओं के गुस्से के डर से देना पड़ा और आज बीजेपी उसी व्यक्ति को संसद में माला पहना रही है. यह कोई सम्मान नहीं है – यह लाखों बच्चों के भविष्य के विनाश का उत्सव है। देश का हर छात्र इसे देख रहा है और इसमें शामिल हर चेहरा याद रखेगा।

मोदी सरकार सत्य और सत्याग्रह दोनों से डरती है

इससे पहले राहुल गांधी ने एक पोस्ट के जरिए कहा था कि मोदी सरकार सत्य और सत्याग्रह दोनों से डरती है. मध्य प्रदेश के आदिवासी भाई-बहन केन-बेतवा परियोजना में उनकी ज़मीन छीन लिये जाने के कारण जल-सत्याग्रह और भूख हड़ताल पर थे, लेकिन उन्हें न तो उचित मुआवज़ा मिला और न ही सम्मानजनक पुनर्वास।

“सच्चाई” यह है कि आदिवासी ही देश के पहले मालिक हैं – जल, जंगल और जमीन पर पहला अधिकार उनका है और उनका “सत्याग्रह” इसलिए है क्योंकि आज उनसे वही अधिकार छीने जा रहे हैं। अपने अनूठे अंदाज में उनकी एक ही मांग है कि उन्हें जीवित रहने के लिए उचित सहारा दिया जाए – अन्यथा जिंदगी एक चिता के समान है। लेकिन ये भी बीजेपी सरकार को मंजूर नहीं है. उनकी बात सुनने के बजाय पुलिस बल द्वारा उनके शांतिपूर्ण विरोध को भी कुचला जा रहा है. हम अपने आदिवासी भाई-बहनों के साथ हैं।’ हम उन्हें न्याय दिलाएंगे-मुआवजा और पुनर्वास देना होगा.

पीसी: जनसत्ता
अपडेटेड खबरों के लिए हमारे व्हाट्सएप चैनल को फॉलो करें


Discover more from Aware Media News - Hindi News, Breaking News & Latest Updates

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

Share This Article
Follow:
Aware Media Network एक स्वतंत्र डिजिटल न्यूज़ प्लेटफॉर्म है, जो देश-दुनिया की महत्वपूर्ण खबरें, विश्लेषण और तथ्यात्मक रिपोर्टिंग पाठकों तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारी संपादकीय टीम विश्वसनीय स्रोतों, आधिकारिक आंकड़ों और पत्रकारिता के नैतिक सिद्धांतों के आधार पर समाचार तैयार करती है।Aware Media Network का उद्देश्य निष्पक्ष, सटीक और समय पर जानकारी प्रदान करना है, ताकि पाठक जागरूक निर्णय ले सकें और समसामयिक घटनाओं को बेहतर ढंग से समझ सकें।
कोई टिप्पणी नहीं

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *