ज़हरीली हवा से फेफड़ों की सुरक्षा कैसे करें? 60 सेकंड की पावर ब्रीद रूटीन से बढ़ाएं इम्युनिटी

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- News Desk
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how to protect lungs from toxic air this 60 second power breath routine boost immunity

अगर आप भी रोजाना जहरीली हवा में सांस लेने के लिए मजबूर हैं। बाहर निकलते ही धूल, धुएं और जहरीले कणों से बच पाना मुश्किल है। ऐसे में फेफड़ों पर इसका सीधा असर पड़ता है। जिससे सांस लेने में दिक्कत, एलर्जी, थकान और कमजोर इम्यूनिटी जैसी समस्याएं बढ़ सकती हैं। ऐसे में आपको घबराने की जरूरत नहीं है। भले ही हवा को पूरी तरह से आप साफ न कर सकें, लेकिन अपने शरीर को अंदर से मजबूत बना सकते हैं।

रोजाना 60 सेकेंड का आसान और असरदार ब्रीदवर्क रूटीन फॉलो करके फेफड़ों को की क्षमता को बढ़ा सकती हैं। साथ ही पॉल्यूशन से होने वाले नुकसान से भी बचा सकती हैं। यह रूटीन न तो अधिक समय लेता है और न ही इसको करने के लिए किसी खास उपकरण की आवश्यकता होती है। ऐसे में आप ब्रीद वर्क रूटीन से अपने फेफड़ों को मजबूत बना सकते हैं। इस एक्सरसाइज को करने से फेफड़े मजबूत होते हैं और शरीर का इम्यून सिस्टम सही रहता है। ऐसे में आज इस आर्टिकल के जरिए हम आपको बताने जा रहे हैं कि ब्रीद वर्क रूटीन कैसे करें और इसके क्या फायदे होते हैं।

एयर पॉल्यूशन में फेफड़ों को ऐसे बनाएं मजबूत

आप बाहरी माहौल को नहीं बदल सकते हैं, लेकिन शरीर को अंदरूनी मजबूत बनाना बेहद जरूरी है। जब हमारे शरीर का इम्यून सिस्टम मजबूत होता है, तो बाहरी परेशानियों जैसे पॉल्यूशन का असर खुद ब खुद कम होने लगता है।

योग विज्ञान में सांस को सिर्फ हवा नहीं बल्कि जीवित ऊर्जा माना गया है।

वहीं प्रणायाम सांस को कंट्रोल करने की पुरानी तकनीक है। इससे फेफड़ों की क्षमता बढ़ती है और सांस लेने की ताकत भी मजबूत होती है।

आज के समय में अधिकतर लोग सांस लेते हैं, जिस कारण फेफड़ों का पूरा इस्तेमाल नहीं हो पाता है। वहीं बढ़ते पॉल्यूशन में यह आदत ज्यादा नुकसानदायक होती है।

नाड़ी शोधन और कपालभाति जैसे रेगुलर ब्रीदिंग एक्सरसाइज करने से ऑक्सीजन के आदान-प्रदान को अच्‍छा बनाने, फेफड़ों को फैलाने और श्वसन तंत्र में जमी गंदगी को साफ करने में मदद मिलती है।

जानिए क्या है 60 सेकेंड का ब्रीद वर्क रूटीन

हमारे शरीर और मन के बीच सांस सबसे मजबूत कड़ी है। सुबह के समय 60 सेकेंड का अभ्यास करना सबसे अच्छा होता है। इसमें भस्त्रिका प्राणायाम किया जाता है। इस दौरान गहरी सांस ेना, थोड़ी देर सांस रोकना और फिर आराम से सांस छोड़ना शामिल है।

ऐसे करें 60 सेकेंड का ब्रीद वर्क

इस एक्सरसाइज को करने के लिए रीढ़ को सीधा करके बैठ जाएं।

फिर अपना पूरा ध्यान सांसों पर लगाएं और जितना हो सके, गहरी सांस लें।

अब कुछ सेकेंड के लिए सांस रोकें।

फिर ध्यान के साथ सांस छोड़ें।

जोर लगाकर नहीं बल्कि अनुशासन के साथ करें।

आप चाहें तो इसको 2-3 बार दोहरा सकते हैं।

फेफड़ों को रखता है हेल्दी

जब आप गहरी सांस लेते हैं, तो फेफड़ों के ऐसे हिस्से भी सक्रिय होते हैं, जो निष्क्रय रहते हैं।

सांस रोकने से बॉडी में ऑक्सीजन को अच्छे से सोखने की क्षमता बढ़ती है।

सांस छोड़ने से फेफड़ों में जो कचरा जमा होता है, वह बाहर निकलता है।

धीरे-धीरे फेफड़े अधिक मजबूत और पॉल्यूशन के प्रति सहनशील बनते हैं।

60 सेकेंड ब्रीद वर्क के फायदे

इसको करने से तनाव कम होता है और दिमाग को तेज करता है।

यह इम्यून सिस्टम को सपोर्ट करता है और आपको अंदरूनी मजबूती देता है।

यह नर्वस सिस्टम को भी संतुलित करता है।


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