ज़ुबिन गर्ग के लिए पूरा असम ठप!

By
Aware Media Network
Aware Media Network एक स्वतंत्र डिजिटल न्यूज़ प्लेटफॉर्म है, जो देश-दुनिया की महत्वपूर्ण खबरें, विश्लेषण और तथ्यात्मक रिपोर्टिंग पाठकों तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारी...
- News Desk
3 Min Read
entire assam came to a standstill for zubeen garg

जुबीन गर्ग: असम का वो सितारा, जो बुझ गया, पर यादों की रौशनी छोड़ गया

असम का संगीत जगत आज एक अनमोल रत्न खो चुका है। जुबीन गर्ग, जो अपनी जादुई आवाज़ और अपनेपन से हर दिल में बस गए थे, अब हमारे बीच नहीं रहे। उनके जाने का गम सिर्फ संगीत प्रेमियों के लिए ही नहीं, बल्कि हर उस इंसान के लिए गहरा है जिसने उनके गीतों में अपनी भावनाओं को पाया। उनका अंतिम सफर इस बात का प्रमाण है कि वे कितने अनमोल थे, कितने दिलों पर राज करते थे।

‘या अली’ से लेकर असम की धड़कन तक: एक सफ़र जो थम गया

बॉलीवुड की ब्लॉकबस्टर ‘गैंगस्टर’ का वो गाना, ‘या अली’, जिसने जुबीन गर्ग को पूरे देश में एक नई पहचान दी, आज भी कानों में गूंजता है। लेकिन, इस पहचान के दो दशक बाद, उनके असमय निधन ने उनके अपने राज्य, असम को गहरे सदमे में डाल दिया। गुवाहाटी की सड़कें मानो एक पल के लिए ठहर गईं। दुकानें बंद थीं, रोज़मर्रा की ज़िंदगी रुकी हुई थी, और हर तरफ़ बस लोगों का सैलाब उमड़ा पड़ा था। यह सिर्फ़ एक गायक का जाना नहीं था, यह असम की उस आवाज़ का जाना था जिसने अपनी धरती की खुशबू को दुनिया तक पहुंचाया।

सितारे भी स्तब्ध: ‘एक युग का अंत’, बोले ज़ुबिन के साथी

सिंगापुर में अलविदा, गुवाहाटी में अंतिम सलाम

यह दुखद खबर सिंगापुर से आई, जहां स्कूबा डाइविंग के दौरान एक दुर्भाग्यपूर्ण हादसे में जुबीन गर्ग ने अपनी जान गंवा दी। रविवार को उनका पार्थिव शरीर सिंगापुर से गुवाहाटी लाया गया। गोपीनाथ बोरदोलोई अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे से काहिलीपाड़ा स्थित उनके निवास तक, लगभग 25 किलोमीटर का रास्ता हजारों लोगों की भीड़ से सटा हुआ था।

फूलों से सजी एम्बुलेंस को यह दूरी तय करने में साढ़े पांच घंटे से भी ज़्यादा का समय लगा। कारण? ज़ुबिन को आखिरी बार देखने के लिए उमड़ी अपार भीड़। इस जनसैलाब में हर उम्र के लोग थे – बच्चे, जवान, बूढ़े। सब की आँखों में आंसू थे, हाथों में फूल थे, और दिलों में श्रद्धा। कई लोगों ने उनके पार्थिव शरीर पर फूल बरसाए, हाथ जोड़कर नमन किया, और कई तो अपने चहेते गायक को खोने के गम में फूट-फूट कर रो पड़े। यह वो पल था जिसने ये साबित कर दिया कि जुबीन गर्ग सिर्फ़ एक गायक नहीं थे, बल्कि वो असम की रूह थे, उसकी धड़कन थे।


Discover more from Aware Media News - Hindi News, Breaking News & Latest Updates

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

Share This Article
Follow:
Aware Media Network एक स्वतंत्र डिजिटल न्यूज़ प्लेटफॉर्म है, जो देश-दुनिया की महत्वपूर्ण खबरें, विश्लेषण और तथ्यात्मक रिपोर्टिंग पाठकों तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारी संपादकीय टीम विश्वसनीय स्रोतों, आधिकारिक आंकड़ों और पत्रकारिता के नैतिक सिद्धांतों के आधार पर समाचार तैयार करती है। Aware Media Network का उद्देश्य निष्पक्ष, सटीक और समय पर जानकारी प्रदान करना है, ताकि पाठक जागरूक निर्णय ले सकें और समसामयिक घटनाओं को बेहतर ढंग से समझ सकें।
कोई टिप्पणी नहीं

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Exit mobile version