नेशनल कॉन्फ्रेंस के भविष्य की राह: फारूक अब्दुल्ला की जनता से अपील और विकास का वादा
जम्मू-कश्मीर की राजनीति में एक महत्वपूर्ण मोड़ पर, नेशनल कॉन्फ्रेंस (एनसी) के प्रमुख और राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री फारूक अब्दुल्ला ने जनता से समर्थन की गुहार लगाई है। शुक्रवार को, पार्टी संस्थापक शेख अब्दुल्ला की 120वीं जयंती के अवसर पर, फारूक अब्दुल्ला ने स्वीकार किया कि पिछले एक साल में पार्टी लोगों के लिए कोई उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल नहीं कर पाई है। हालांकि, उन्होंने उम्मीद का दामन नहीं छोड़ा और कहा, “हमारी नेशनल कॉन्फ्रेंस सरकार ने एक साल में लोगों के लिए कुछ खास नहीं किया, लेकिन हमारे पास विकास के लिए चार साल और हैं, और लोगों को हमारा समर्थन करना चाहिए और हमें मजबूत करना चाहिए।”
शेख अब्दुल्ला की विरासत और सरकार की पहल
दिवंगत शेख अब्दुल्ला, जिन्होंने जम्मू-कश्मीर की राजनीति में एक अमिट छाप छोड़ी, को उनके अंतिम विश्राम स्थल हजरतबल के नसीम बाग में पुष्पांजलि अर्पित की गई। इस अवसर पर फारूक अब्दुल्ला के साथ उनके पुत्र और वर्तमान मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला भी मौजूद थे।
इसी बीच, मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने गुरुवार को एक महत्वपूर्ण घोषणा की। उन्होंने बताया कि सरकार ने एसआरओ-43 योजना का नाम बदलकर “पुनर्वास सहायता योजना” (आरएएस) कर दिया है। इस योजना के तहत, कश्मीर प्रांत के लिए आदेश जारी कर दिए गए हैं और अब तक 60 नियुक्ति पत्र वितरित किए जा चुके हैं।
रोजगार की नई आशा: आरएएस योजना का विस्तार
पत्रकारों से बातचीत करते हुए, मुख्यमंत्री अब्दुल्ला ने आरएएस योजना के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने आश्वासन दिया कि इस योजना के तहत, यदि किसी सरकारी कर्मचारी की सेवाकाल के दौरान मृत्यु हो जाती है, तो उसके परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी दी जाएगी। उन्होंने आगे कहा कि जम्मू में भी इसी तरह का एक कार्यक्रम आयोजित किया गया था।
अब्दुल्ला ने इस बात पर जोर दिया कि यह योजना, जिसे पहले एसआरओ-43 के नाम से जाना जाता था, अब आरएएस (पुनर्वास सहायता योजना) के नाम से पहचानी जाएगी। यह पहल सरकार द्वारा अपने कर्मचारियों को दी जाने वाली एक महत्वपूर्ण सुरक्षा है, जो अनहोनी की स्थिति में उनके परिवारों को आर्थिक सहारा प्रदान करेगी। कश्मीर प्रांत के लिए आदेश तैयार किए गए और 60 नियुक्ति पत्र वितरित किए गए, जबकि जम्मू में भी इसी तरह का कार्यक्रम आयोजित किया गया था, जो इस योजना के प्रभावी कार्यान्वयन का संकेत देता है।
Discover more from Aware Media News - Hindi News, Breaking News & Latest Updates
Subscribe to get the latest posts sent to your email.
