इंडिगो के उड़ान संकट पर डीजीसीए की पायलटों से अपील: “मिलकर करें परिचालन सुचारू”
नई दिल्ली: इंडिगो एयरलाइंस में चल रहे व्यापक परिचालन व्यवधानों के बीच, नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) के महानिदेशक फैज अहमद किदवई ने सभी पायलटों से उड़ानों के सुचारू संचालन में सहयोग की अपील की है। शुक्रवार को जारी एक मार्मिक अपील में, किदवई ने स्वीकार किया कि परिचालन संबंधी बाधाएं, अप्रत्याशित मौसम की मार और बढ़ती मांग के कारण पूरा विमानन क्षेत्र अभूतपूर्व दबाव का सामना कर रहा है।
यात्रियों को हो रही असुविधा, विमानन क्षेत्र पर बढ़ा दबाव
महानिदेशक ने कहा कि इन व्यवधानों के कारण उड़ानों में देरी हो रही है, जिससे यात्रियों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है और विमानों के संचालन पर अतिरिक्त दबाव पड़ रहा है। किदवई ने विशेष रूप से आगामी कोहरे के मौसम, छुट्टियों और शादियों के मौसम की ओर इशारा करते हुए कहा, “यह अत्यंत आवश्यक है कि उद्योग इन बढ़ती परिचालन चुनौतियों के लिए खुद को पूरी तरह तैयार रखे। यात्रियों की संख्या में अभूतपूर्व वृद्धि की उम्मीद है, और मौसम संबंधी अप्रत्याशित प्रभाव न केवल उड़ान सेवाओं के समय-निर्धारण को, बल्कि उनकी सुरक्षा को भी और अधिक जटिल बना सकते हैं।”
समन्वय और सुरक्षा पहली प्राथमिकता
इस जटिल स्थिति से सक्रिय रूप से और सुरक्षित तरीके से निपटने के लिए, किदवई ने पायलटों और विमानन कंपनियों के बीच मजबूत समन्वय की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि डीजीसीए उड़ान ड्यूटी समय सीमा (एफडीटीएल) के नागर विमानन प्रावधानों को पूरी तरह से लागू करने के लिए प्रतिबद्ध है, भले ही कुछ हलकों में एफडीटीएल मानदंडों में ढील को लेकर चिंताएं व्यक्त की गई हों।
संशोधित एफडीटीएल नियम और इंडिगो की चुनौती
यहां यह बताना महत्वपूर्ण है कि संशोधित एफडीटीएल नियमों का दूसरा चरण 1 नवंबर से प्रभावी हुआ है। सूत्रों के अनुसार, इस नए नियमन के लिए समय पर तैयारी न कर पाने के कारण ही इंडिगो को चालक दल की कमी जैसी बड़े पैमाने की परिचालन संबंधी चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। डीजीसीए की यह अपील इस गंभीर स्थिति से निपटने और यात्रियों को होने वाली असुविधा को कम करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
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