भारत-वेनेजुएला संबंधों का नया अध्याय: कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज की पांच दिवसीय अहम यात्रा
भारत और वेनेजुएला के बीच कूटनीतिक संबंधों को एक नई ऊंचाई देने के लिए वेनेजुएला की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज बुधवार को पांच दिवसीय कामकाजी यात्रा पर भारत पहुंच रही हैं। 3 जून से 7 जून तक चलने वाली इस यात्रा के दौरान वे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और विदेश मंत्री एस. जयशंकर सहित भारत के शीर्ष नेतृत्व के साथ द्विपक्षीय हितों के कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा करेंगी। विदेश मंत्रालय (MEA) द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, रोड्रिगेज पहले ‘इंटरनेशनल बिग कैट अलायंस समिट’ में शामिल होने वाली थीं, लेकिन अब वे एक उच्च-स्तरीय प्रतिनिधिमंडल के साथ औपचारिक द्विपक्षीय दौरे पर आ रही हैं। इस प्रतिनिधिमंडल में वेनेजुएला के विदेश, अर्थव्यवस्था, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, संचार और परिवहन मंत्रालयों के दिग्गज मंत्री भी शामिल हैं।
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राजधानी के एएफएस पालम पहुंचने के बाद, रोड्रिगेज के व्यस्त कार्यक्रमों की शुरुआत 4 जून को होगी। उनकी पहली महत्वपूर्ण बैठक विदेश मंत्री एस. जयशंकर के साथ तय है, जिसके बाद वे हैदराबाद हाउस में प्रधानमंत्री मोदी के साथ आधिकारिक वार्ता करेंगी। इस दौरे के दौरान वे राजघाट जाकर महात्मा गांधी को पुष्पांजलि भी अर्पित करेंगी। विदेश मंत्रालय के मुताबिक, इन बैठकों का मुख्य उद्देश्य भारत-वेनेजुएला संबंधों की व्यापक समीक्षा करना और ऊर्जा सुरक्षा, व्यापार, निवेश, फार्मास्यूटिकल्स, स्वास्थ्य सेवा, परिवहन और नवीकरणीय ऊर्जा जैसे रणनीतिक क्षेत्रों में सहयोग को विस्तार देना है। यह यात्रा ‘ग्लोबल साउथ’ के प्रति साझा प्रतिबद्धता और पारंपरिक रूप से मजबूत ऊर्जा संबंधों को और अधिक प्रगाढ़ बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम मानी जा रही है।
विशेष बात यह है कि डेल्सी रोड्रिगेज के लिए भारत कोई नया देश नहीं है। अपनी वर्तमान भूमिका में यह उनकी छठी भारत यात्रा है। इससे पहले वे 2015 में विदेश मंत्री के तौर पर और 2019, 2023, 2024 व 2025 में उपराष्ट्रपति के रूप में भारत का दौरा कर चुकी हैं, जो दोनों देशों के बीच निरंतर संवाद को दर्शाता है।
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कूटनीतिक मुलाकातों के अलावा, वेनेजुएला का यह उच्च-स्तरीय प्रतिनिधिमंडल भारत की औद्योगिक क्षमताओं को करीब से देखने के लिए ऊर्जा, फार्मास्यूटिकल और ऑटोमोटिव क्षेत्रों के प्रमुख केंद्रों का दौरा भी करेगा। आर्थिक आंकड़ों पर नजर डालें तो वित्त वर्ष 2025-26 में दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार 678.94 मिलियन अमेरिकी डॉलर दर्ज किया गया है। ऊर्जा क्षेत्र में साझेदारी इस कदर बढ़ी है कि मई 2026 तक वेनेजुएला भारत को कच्चे तेल की आपूर्ति करने वाला तीसरा सबसे बड़ा देश बन चुका है। इसके साथ ही, ओएनजीसी (ONGC) विदेश लिमिटेड और ‘कॉरपोरेशियन वेनेज़ोलाना डेल पेट्रोलेओ’ का संयुक्त उद्यम, फार्मास्यूटिकल्स, आयुष और डिजिटल समाधानों में बढ़ता सहयोग इस द्विपक्षीय रिश्ते को एक मजबूत भविष्य की ओर ले जा रहा है।
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